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भिवानी:

जहां बॉक्सिंग,कुश्ती और कबड्डी के अंदर जिस प्रकार से भिवानी के खिलाडिय़ों ने देश और दुनिया में प्रचम लहराने का काम किया तो वहीं शूटिंग के क्षेत्र में भी भिवानी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रचम लहराने का काम किया है।

भिवानी की हिमांशी जांगड़ा ने जर्मनी में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय शूटिंग चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतकर दुनिया में भारत का नाम रोशन किया। हिमांशी जांगड़ा ने आर्मी गर्ल्स स्पोर्ट्स इंदौर की तरफ से जर्मनी में वर्ल्ड जूनियर चैंपियनशिप शूटिंग में भाग लिया। भिवानी पहुंचने पर हिमांशी जांगड़ा का फूल मालाओं से भव्य स्वागत किया गया।

इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष वीरेंद्र कौशिक के सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उनके सम्मान में पहुंचे।
      अंतर्राष्ट्रीय शूटिंग खिलाड़ी हिमांशी ने कहा कि उन्होंने आर्मी गल्र्स स्पोर्ट्स इंदौर की तरफ से जर्मनी में 16 से 26 से जून तक आयोजित वर्ल्ड जूनियर चैंपियनशिप पर शूटिंग में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने ब्रांज मैडल जीता। उन्होंने कहा कि अब उनका लक्ष्य आने वाले 2028 के ओलंपिक गेम है। जिसके लिए वह कड़ी मेहनत करेगी और भारत को शूटिंग के क्षेत्र में वोट देने का काम करेगी।
      वही हिमांशी जांगड़ा के कोच प्रदीप बेनीवाल ने कहा कि हिमांशी 10 वर्ष की थी तो वह हमारे लक्ष्य शूटिंग अकादमी में यहां आई और उन्होंने कड़ी मेहनत की। उन्होंने कहा कि 2019 से लगातार मेहनत करती रही और 2024 तक उन्होंने पांच राष्ट्रीय स्तर के मैडल जीतकर अकादमी का नाम रोशन किया।

 उनकी प्रतिभा को देखते हुए आर्मी गल्र्स स्पोर्ट्स ने हिमांशी को मांगा और आर्मी स्पोर्ट्स के ट्रायल को पास करते ही हिमांशी को जर्मनी जाने का मौका मिला और उन्होंने इस अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप में ब्रांज मैडल जीतकर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा कि अब उनका लक्ष्य 2026 और 27 के नेशनल गेम को जितना है और उसके बाद ओलंपिक के लिए ट्रायल होगी।
     इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष वीरेंद्र कौशिक व कोच प्रदीप बेनीवाल  ने हिमांशी जांगड़ा को बधाई दी और उन्होंने कहा कि देश व प्रदेश सरकार की खेल नीति के बल पर खिलाड़ी देश को मेडल दे रहे है। उन्होंने कहा कि हरियाणा की मिट्टी में टैलेंट है और हरियाणा के मुख्यमंत्री के द्वारा खेलों पर बल दिया जा रहा है। जिसके लिए प्रत्येक शहर में नर्सरी पर बल देकर एक खिलाड़ी तैयार किया जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार पूरी तरह से खिलाडिय़ों को सपोर्ट करती है और साथ में उन्होंने कहा कि यदि खिलाड़ी खेल से जुड़े रहते हैं तो वह नशे जैसी बुराई से भी दूर रहते हैं।  

हिमांशी के पिता गोविन्द जांगड़ा, माता शिखा व कोच प्रदीप बेनीवाल ने भी खुशी जताई और कहा कि वह अपनी बेटी के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेंगे और अब आगे की खेल स्पर्धाओं के लिए वह उन्हें सपोर्ट करेंगे।